जालौन जिले के आटा थाना क्षेत्र में हुए चर्चित अपहरण मामले का पुलिस ने महज दो दिनों के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने अपहृत युवक को सकुशल बरामद करते हुए अपहरण में शामिल पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने दिल्ली और गाजियाबाद तक दबिश देकर आरोपियों को धर दबोचा। साथ ही घटना में प्रयुक्त कार और मोटरसाइकिल भी बरामद की गई है।

2 जून को दर्ज हुआ था अपहरण का मामला
जानकारी के अनुसार 2 जून 2026 को थाना आटा क्षेत्र की एक महिला ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके पति रोहित पुत्र महेन्द्रपाल का कुछ लोगों द्वारा अपहरण कर लिया गया है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने रविन्द्र, गुल्टू, अजय समेत तीन से चार अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक जालौन विनय कुमार सिंह ने तत्काल विशेष टीमों का गठन किया और आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए।
सर्विलांस और तकनीकी जांच से मिला सुराग
अपहरण की घटना के बाद पुलिस की तीन विशेष टीमों ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस, मोबाइल लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान अपहृत युवक और आरोपियों की लोकेशन दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में मिलने पर पुलिस टीमों को गाजियाबाद और दिल्ली रवाना किया गया।
दिल्ली पुलिस के सहयोग से चलाए गए संयुक्त अभियान में अपहृत रोहित को सुरक्षित बरामद कर लिया गया। इसके साथ ही पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।

पांच आरोपी गिरफ्तार, दो मुख्य साजिशकर्ता भी दबोचे गए
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में अजय, शंकर, सुनील, रिजवान और दीपक शामिल हैं। इनमें अजय और शंकर को मामले का मुख्य आरोपी बताया जा रहा है। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में इस्तेमाल की गई कार और मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली है।
हालांकि इस मामले में नामजद आरोपी रविन्द्र और गुल्टू अभी फरार हैं, जिनकी तलाश के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
पैसों के विवाद में रची गई थी अपहरण की साजिश
बरामद किए गए अपहृत युवक रोहित ने पुलिस पूछताछ में बताया कि उसका आरोपियों के साथ पैसों को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते 2 जून की दोपहर करीब साढ़े तीन बजे कुसमरा रोड से उसे जबरन वाहन में बैठाकर अपहरण कर लिया गया।
रोहित ने बताया कि घटना के दौरान सुनील और रिजवान मोटरसाइकिल पर मौजूद थे और वह सभी आरोपियों को पहले से जानता था। पुलिस अब मामले के आर्थिक पहलुओं और आपराधिक साजिश की भी जांच कर रही है।

पुलिस की कार्रवाई की हुई सराहना
अपर पुलिस अधीक्षक डॉ. ईशान सोनी ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि पुलिस टीमों ने बेहद कम समय में तकनीकी साक्ष्यों और सटीक रणनीति के आधार पर अपहृत युवक को सुरक्षित बरामद कर लिया है। उन्होंने इस सफल अभियान के लिए पुलिस टीमों की सराहना की।
उन्होंने कहा कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
आगे की कार्रवाई जारी
फिलहाल गिरफ्तार सभी आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ते हुए मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। थाना आटा पुलिस द्वारा आरोपियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।






Leave a Reply