गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश पुलिस में सिपाही बनने का सपना लेकर शारीरिक दक्षता परीक्षा में शामिल हो रहे अभ्यर्थियों के लिए गाजियाबाद में आयोजित भर्ती दौड़ चिंता का विषय बनती जा रही है। गोविंदपुरम स्थित 47वीं वाहिनी पीएसी के मैदान में चल रही भर्ती प्रक्रिया के दौरान दो दिनों में दो अभ्यर्थियों की मौत हो चुकी है। वहीं, बुधवार को भी दौड़ के दौरान 12 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ने की सूचना सामने आई है। इनमें सात युवतियां और पांच युवक शामिल बताए जा रहे हैं। तबीयत बिगड़ने के बाद सभी को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया।
लगातार सामने आ रही इन घटनाओं के बाद अब भर्ती परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों की मेडिकल स्क्रीनिंग, दौड़ की परिस्थितियों, हाइड्रेशन और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि, मौत के वास्तविक कारण को लेकर अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और संबंधित जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।

दो दिनों में दो अभ्यर्थियों की मौत
गाजियाबाद के गोविंदपुरम स्थित 47वीं वाहिनी पीएसी मैदान में उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा आयोजित की जा रही है। इसी दौरान सोमवार को मथुरा निवासी अतुल कुमार दौड़ लगाते समय अचानक बेहोश होकर गिर पड़े। उनकी हालत गंभीर होने पर उन्हें दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल रेफर किया गया। उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
इसके अगले दिन मंगलवार को शामली निवासी 23 वर्षीय विवेक कुमार भी दौड़ के दौरान अचानक गिर पड़े। उन्हें तत्काल संयुक्त जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
लगातार दो दिनों में दो अभ्यर्थियों की मौत से भर्ती परीक्षा में शामिल अन्य युवाओं और उनके परिजनों में भी चिंता का माहौल है।
बुधवार को फिर 12 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ी
दो अभ्यर्थियों की मौत के अगले ही दिन बुधवार को भी भर्ती मैदान में स्वास्थ्य संबंधी घटनाएं सामने आईं। दौड़ के दौरान 12 अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ गई, जिनमें सात युवतियां और पांच युवक शामिल बताए गए हैं।
बताया गया कि दौड़ के दौरान कुछ अभ्यर्थियों को कमजोरी, सांस लेने में परेशानी और सीने में दर्द जैसी शिकायतें हुईं। कई अभ्यर्थी मैदान में ही असहज होकर गिर पड़े। मौके पर मौजूद कर्मचारियों और मेडिकल टीम की मदद से उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया। उपचार के बाद कई अभ्यर्थियों की हालत में सुधार बताया गया है।

4.8 किलोमीटर की दौड़ पूरी करना है जरूरी
उत्तर प्रदेश पुलिस आरक्षी भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा में पुरुष अभ्यर्थियों को 4.8 किलोमीटर की दौड़ 25 मिनट में पूरी करनी होती है। शारीरिक रूप से कठिन इस परीक्षा में अभ्यर्थियों को निर्धारित समय के भीतर दौड़ पूरी करनी होती है।
भर्ती परीक्षा में बड़ी संख्या में युवा हिस्सा ले रहे हैं। ऐसे में लगातार दो दिनों में दो मौत और इसके बाद कई अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ने की घटनाओं ने परीक्षा के दौरान स्वास्थ्य और सुरक्षा इंतजामों पर चर्चा तेज कर दी है।
मौत की असली वजह अभी स्पष्ट नहीं
अतुल कुमार और विवेक कुमार की मौत को लेकर अलग-अलग तरह की चर्चाएं सामने आ रही हैं। कुछ रिपोर्टों में हृदय संबंधी समस्या की आशंका जताई जा रही है, लेकिन अभी इसे मौत की अंतिम वजह नहीं माना जा सकता।
पुलिस और प्रशासन की ओर से भी मौत के वास्तविक कारण की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही किए जाने की बात कही जा रही है। ऐसे में किसी बीमारी या स्वास्थ्य संबंधी समस्या को दोनों मौतों की निश्चित वजह बताना फिलहाल उचित नहीं होगा।

भर्ती प्रक्रिया की मेडिकल व्यवस्था पर उठे सवाल
दो अभ्यर्थियों की मौत और उसके बाद 12 अन्य अभ्यर्थियों की तबीयत बिगड़ने के बाद भर्ती प्रक्रिया के दौरान उपलब्ध मेडिकल सुविधाओं को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
अभ्यर्थियों की दौड़ शुरू होने से पहले स्वास्थ्य जांच किस स्तर पर की जा रही है? दौड़ के दौरान पर्याप्त पानी और आराम की व्यवस्था है या नहीं? मैदान में कितनी मेडिकल टीमें और एंबुलेंस तैनात हैं? किसी अभ्यर्थी की अचानक तबीयत बिगड़ने पर उसे कितनी तेजी से अस्पताल पहुंचाया जाता है? इन सभी पहलुओं को लेकर अब समीक्षा की जरूरत महसूस की जा रही है।
हालांकि, इन सवालों पर किसी निष्कर्ष तक पहुंचने से पहले प्रशासनिक जांच और मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार करना जरूरी है।
पुलिस में भर्ती होने का सपना रह गया अधूरा
मथुरा के अतुल कुमार और शामली के विवेक कुमार दोनों ही पुलिस की वर्दी पहनकर सरकारी सेवा में जाने का सपना लेकर भर्ती प्रक्रिया में शामिल हुए थे। भर्ती मैदान में हुई उनकी मौत ने परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है।
विवेक कुमार के परिवार के मुताबिक वह वॉलीबाल का खिलाड़ी भी रह चुका था और पुलिस भर्ती के लिए लगातार तैयारी कर रहा था। परिवार को उम्मीद थी कि वह शारीरिक दक्षता परीक्षा पास कर पुलिस सेवा में जाएगा, लेकिन भर्ती मैदान से आई मौत की खबर ने परिवार को झकझोर कर रख दिया।
अब सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की मांग
गाजियाबाद में सामने आई घटनाओं के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या पुलिस भर्ती की शारीरिक दक्षता परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों की सुरक्षा व्यवस्था की दोबारा समीक्षा की जाएगी?
मेडिकल स्क्रीनिंग, तापमान और मौसम की स्थिति, हाइड्रेशन, दौड़ के बीच पर्याप्त रेस्ट, मेडिकल टीम की तैनाती और आपात स्थिति में अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था जैसे पहलुओं पर विशेष ध्यान देना जरूरी माना जा रहा है।
फिलहाल प्रशासन और संबंधित अधिकारियों की ओर से मामले में आगे की कार्रवाई तथा जांच को लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही दोनों अभ्यर्थियों की मौत की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।
JN News अपडेट: गाजियाबाद में पुलिस भर्ती दौड़ के दौरान दो अभ्यर्थियों की मौत और 12 की तबीयत बिगड़ने के बाद भर्ती प्रक्रिया की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए हैं। मामले में आधिकारिक जांच और मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार है।







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