कासगंज। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के बैनर तले शनिवार को कासगंज सदर तहसील परिसर में लेखपालों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन किया। सुबह करीब 11 बजे शुरू हुए प्रदर्शन के दौरान लेखपालों ने नारेबाजी करते हुए समाधान दिवस का बहिष्कार किया। लेखपालों ने अपनी 8 सूत्रीय मांगों को लेकर शासन और विभाग के प्रति नाराजगी जताई।
धरने के दौरान लेखपालों ने कहा कि उनकी कई मांगें लंबे समय से लंबित हैं, लेकिन बार-बार मांग उठाए जाने के बावजूद उनका समाधान नहीं किया जा रहा है। संघ ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर जल्द सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।

दो साल से लंबित तबादलों को शुरू करने की मांग
लेखपाल संघ ने दो वर्षों से लंबित अंतरमंडलीय तबादलों की प्रक्रिया शुरू करने की मांग प्रमुखता से उठाई। लेखपालों का कहना है कि लंबे समय से तबादलों का इंतजार कर रहे कर्मचारियों को इससे काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। संघ ने जल्द से जल्द अंतरमंडलीय स्थानांतरण प्रक्रिया शुरू करने की मांग की।

पदोन्नति और डीपीसी प्रक्रिया पूरी करने की मांग
लेखपालों ने वर्ष 2025-26 की पदोन्नति सूची जारी करने की भी मांग की। इसके साथ ही विभागीय पदोन्नति समिति यानी डीपीसी की प्रक्रिया समय से पूरी कराने की मांग रखी गई। संघ का कहना है कि पदोन्नति से जुड़ी प्रक्रिया में देरी होने से कर्मचारियों को इसका लाभ समय पर नहीं मिल पा रहा है।
नए लेखपालों की विभागीय परीक्षा का परिणाम घोषित करने की मांग
धरने के दौरान नए नियुक्त लेखपालों की विभागीय परीक्षा का परिणाम जल्द घोषित करने की मांग भी उठाई गई। लेखपाल संघ ने कहा कि परीक्षा परिणाम जारी होने के बाद संबंधित लेखपालों को नियमानुसार स्थायी करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जानी चाहिए।

16 साल से भत्ते नहीं बढ़ने पर जताई नाराजगी
लेखपालों ने कहा कि पिछले करीब 16 वर्षों से विभिन्न भत्तों में अपेक्षित वृद्धि नहीं हुई है। उन्होंने स्टेशनरी भत्ता, वाहन भत्ता और विशेष भत्ते में बढ़ोतरी की मांग की। लेखपालों का कहना है कि मौजूदा समय में फील्ड स्तर पर काम का दायरा लगातार बढ़ा है और काम से जुड़े खर्च भी बढ़े हैं, ऐसे में भत्तों में संशोधन जरूरी है।
पद को तकनीकी घोषित करने और सुरक्षा की मांग
लेखपाल संघ ने अपने पद को तकनीकी पद घोषित करने की मांग भी रखी। इसके अलावा फील्ड में कार्य करने वाले लेखपालों के लिए पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराने की मांग की गई। लेखपालों का कहना है कि राजस्व संबंधी कार्यों के दौरान उन्हें कई बार मौके पर जाकर काम करना पड़ता है, इसलिए उनकी सुरक्षा को लेकर प्रभावी व्यवस्था जरूरी है।
मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन तेज करने की चेतावनी
धरना-प्रदर्शन के दौरान लेखपालों ने स्पष्ट किया कि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को आगे बढ़ाया जाएगा। संघ ने शासन और विभाग से सभी 8 सूत्रीय मांगों पर गंभीरता से विचार कर शीघ्र समाधान की मांग की।






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