बरेली थाना फरीदपुर क्षेत्र स्थित श्री बालाजी एल्युमिनियम मेटल स्क्रैप उद्योग में 8 सितंबर को हुए हादसे ने फैक्ट्री प्रबंधन की लापरवाही को उजागर कर दिया है। केसरपुर गांव निवासी मजदूर शीबू निषाद मशीन में तकनीकी खराबी के बावजूद काम करने को मजबूर था। इसी दौरान उसका हाथ मशीन में फंस गया और दोनों हाथों के अंगूठे, उंगलियां कट गईं। हादसे के बाद शीबू स्थायी रूप से विकलांग हो गया।
मजदूरों ने तुरंत उसे राम मूर्ति स्मारक इंस्टिट्यूट में भर्ती कराया, लेकिन परिजनों का आरोप है कि फैक्ट्री प्रबंधन ने इलाज रुकवा दिया और जबरन उसे अस्पताल से बाहर निकाल दिया। इतना ही नहीं, विरोध करने पर पीड़ित परिवार के साथ मारपीट भी की गई।

शनिवार देर रात शीबू का भाई राजकुमार
शनिवार देर रात शीबू का भाई राजकुमार, जो कानपुर देहात से फरीदपुर पहुंचा, थाने जाकर पुलिस से न्याय की गुहार लगाई। राजकुमार ने बताया कि “मेरे भाई की जिंदगी बर्बाद हो गई है, अब फैक्ट्री मालिक अनंत अग्रवाल और प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

इस पूरे मामले
इस पूरे मामले ने श्रमिक सुरक्षा और फैक्ट्री प्रबंधन की जिम्मेदारी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों और मजदूर संगठनों का कहना है कि पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और स्थायी रोजगार दिलाया जाए तथा दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। प्रशासन और श्रम विभाग से उम्मीद है कि वे जल्द ही जांच कर पीड़ित को न्याय और लाभ दिलाने की ठोस पहल करेंगे







Leave a Reply